फ्रैंकफर्ट के श्टेडेल म्यूजियम में "मैरी मैग्डलीन: सिन. प्रे. लव" प्रदर्शनी शुरू हुई है, जो सदियों से बदलती उनकी छवि दिखाती है। बाइबल में उन्हें ईसा के पुनरुत्थान की पहली गवाह बताया गया, लेकिन पोप ग्रेगरी द ग्रेट ने लगभग 600 ईस्वी में उन्हें एक अनाम 'पापिनी' से जोड़ दिया। 1962-65 की सेकंड वेटिकन काउंसिल ने यह भ्रम दूर किया। आज वे नारीवादी धर्मशास्त्र की प्रमुख हस्ती मानी जाती हैं।
मैरी मैग्डलीन: संत से नारीवादी प्रतीक तक की यात्रा
Source: DW Hindi