ईरान पर हमले के बाद विदेशी संस्थागत निवेशकों ने भारतीय शेयर बाजार से 21 अरब डॉलर से अधिक निकाल लिए हैं, जिससे बाजार बार-बार गिर रहा है। मार्च में ही लगभग 13 अरब डॉलर की निकासी हुई और 1993 के बाद यह सबसे बुरा साल है। रुपया एक साल में 11 प्रतिशत से अधिक कमजोर हुआ है और विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी 15 प्रतिशत से नीचे आ गई है।
विदेशी निवेशकों की निकासी से भारतीय बाजार में गिरावट
Source: Lokmat Hindi