ऋषिकेश मुखर्जी की 1973 की फिल्म 'नमक हराम' के क्लाइमेक्स को लेकर राजेश खन्ना की जिद के किस्से आज भी चर्चित हैं। कहा जाता है कि क्लाइमेक्स में अमिताभ बच्चन के किरदार की मौत की बात जानकर खन्ना ने बदलाव करवाया, जिससे पर्दे पर उनके किरदार की मौत हुई। लेकिन रिलीज के बाद अमिताभ का किरदार दर्शकों का ध्यान खींच गया और फिल्म ने उनके करियर को नई दिशा दी।
नमक हराम: राजेश खन्ना की जिद से बदला क्लाइमेक्स, अमिताभ छा गए
Source: News18 Hindi