नेचर फूड में प्रकाशित अध्ययन के अनुसार, 2000 से 2020 के बीच संघर्ष प्रभावित क्षेत्रों में 2.49 लाख वर्ग किलोमीटर कृषि भूमि कम हुई, जिससे 25.5 करोड़ लोगों की सालाना खाद्य जरूरतें प्रभावित हुईं। संघर्ष क्षेत्रों में नुकसान 23.7% अधिक रहा। यूक्रेन का अनाज निर्यात 2025 में 2020 की तुलना में 35% घटा। भारत पर उर्वरक उत्पादन और कृषि निर्यात पर दबाव बढ़ सकता है, हालांकि 2025-26 में खाद्यान्न उत्पादन 37.6 करोड़ टन रहने का अनुमान है।
युद्धों से 2.49 लाख वर्ग किमी कृषि भूमि घटी, 25.5 करोड़ लोगों पर खाद्य संकट
Source: Amar Ujala