भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने शुक्रवार को भारत मंडपम में एससी, एसटी और ओबीसी एडवोकेट्स एसोसिएशन के पहले राष्ट्रीय सम्मेलन में कहा कि संविधान एक निरंतर जिम्मेदारी है। डॉ बी आर आंबेडकर की सांविधानिक विरासत पर केंद्रित सम्मेलन में उन्होंने आंबेडकर को महान सपूत और साहसी सुधारक बताया। उन्होंने कहा कि केवल अदालतें समानता नहीं ला सकतीं, बंधुत्व ही लोकतंत्र का आधार है।
संविधान निरंतर जिम्मेदारी है: सीजेआई सूर्यकांत
Source: Amar Ujala