संयुक्त राष्ट्र महासभा में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कश्मीर और सिंधु जल संधि का मुद्दा उठाया और पानी रोकने को युद्ध की कार्रवाई बताया। भारत की प्रथम सचिव पेटल गहलोत ने पाकिस्तान को जवाब देते हुए आतंकवाद के इतिहास और 'फॉर्म 47 सरकार' पर सवाल उठाए। भारत ने मई 2025 के संघर्षविराम में किसी तीसरे पक्ष की मध्यस्थता के दावे को खारिज किया।
शहबाज शरीफ के बयान पर भारत का करारा जवाब
Source: Patrika Hindi