बिलासपुर की अदालत ने चेक बाउंस मामले में मंजूषा मानिकपुरी को दोषी ठहराया है। उन्होंने 2019 में रितेश अग्रवाल से पांच लाख रुपये उधार लिए थे और चेक दिया था, जो खाते में पर्याप्त राशि न होने से अनादरित हो गया। अदालत ने परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 के तहत एक माह कारावास और 10 लाख रुपये क्षतिपूर्ति की सजा सुनाई। क्षतिपूर्ति न देने पर दो माह अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
चेक बाउंस मामले में महिला को एक माह कैद, 10 लाख जुर्माना
Source: Nai Dunia