फ्लाईदुबई के विमान में ओमानी को-पायलट ने 174 यात्रियों की जान खतरे में डालकर हाईजैक की कोशिश की, जिसे भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार ने नाकाम कर दिया। करीब तीन दशक पहले अमेरिका से प्रशिक्षित कश्मीरी पायलट नदीम खाताब ने भी आतंकवाद का रास्ता चुना था और अल-बद्र से जुड़ गया था। दोनों मामले बेहतरीन शिक्षा और वैश्विक एक्सपोजर के बावजूद कट्टरपंथ की ओर झुकाव का सवाल खड़ा करते हैं।
फ्लाईदुबई हाईजैक नाकाम, कश्मीरी पायलट आतंकी बनने की कहानी
Source: News18 Hindi