नई स्टडी के मुताबिक बुध ग्रह पहले के अनुमान से 30% अधिक तेजी से सिकुड़ रहा है और इसका व्यास 23 किमी तक घट चुका है। जर्मन एयरोस्पेस सेंटर के शोधकर्ताओं का कहना है कि ग्रह का गर्म लौह कोर ठंडा होने से सतह पर सिकुड़न हो रही है। यूरोप-जापान का बेपीकोलंबो मिशन नवंबर में बुध की कक्षा में पहुंचकर इसका विस्तृत अध्ययन करेगा।
बुध ग्रह तेजी से सिकुड़ रहा, 23 किमी हो चुका छोटा
Source: Zee News Hindi