संसदीय स्थायी समिति ने 20 साल से अधिक उम्र के लोगों को हर 6 महीने में किडनी फंक्शन टेस्ट (KFT) कराने की सिफारिश की है। 'द लैंसेट' के मुताबिक भारत में करीब 13.8 करोड़ लोग क्रॉनिक किडनी डिजीज से पीड़ित हैं और हर साल लगभग 2 लाख नए मरीज आखिरी स्टेज तक पहुंचते हैं। शुरुआती चरण में लक्षण न दिखने के कारण समय पर पहचान और बचाव पर जोर दिया गया है।
किडनी टेस्ट को लेकर संसदीय समिति की सिफारिश
Source: Dainik Bhaskar