40 वर्षीय महिला ने बताया कि माता-पिता से मिलने पर उसका बचपन का ट्रॉमा ट्रिगर हो जाता है, क्योंकि वे आज भी लड़ते-झगड़ते हैं। विशेषज्ञ डॉ. द्रोण शर्मा के अनुसार, यह PTSD नहीं हो सकता, बल्कि पुराने भावनात्मक पैटर्न का असर है। उन्होंने सलाह दी कि भावनाओं को डायरी में ट्रैक करें, सीमाएँ तय करें और माता-पिता के रिश्ते सुधारने की जिम्मेदारी खुद पर न लें।
माता-पिता के झगड़े से बचपन का ट्रॉमा ट्रिगर, विशेषज्ञ ने दी सलाह
Source: Dainik Bhaskar