टाटा संस की लिस्टिंग और एन चंद्रशेखरन की दोबारा नियुक्ति को लेकर चल रहे विवाद के बीच टाटा ट्रस्ट्स के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि शेयरधारकों के बुनियादी अधिकारों को कमजोर या खत्म नहीं किया जा सकता। उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसा होने पर भारत की हजारों कंपनियों में कॉर्पोरेट गवर्नेंस के लिए गंभीर खतरा पैदा हो सकता है। सिंघवी ने टाटा ट्रस्ट्स और टाटा संस के सौ साल से पुराने संबंधों तथा चैरिटी कमिश्नर के कथित आदेश का भी जिक्र किया।
टाटा विवाद पर सिंघवी का बड़ा बयान, शेयरधारक अधिकारों पर चिंता
Source: Zee News Hindi