भारत में मेडिकल खर्चों का बड़ा हिस्सा आउट-ऑफ-पॉकेट होता है, जिससे अचानक बीमारी परिवारों पर भारी वित्तीय दबाव डालती है। अस्पताल में भर्ती होने, इलाज से पहले और बाद की लागत, आय का नुकसान और भावनात्मक तनाव जैसे कारक परिवारों को कर्ज में धकेल सकते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, हेल्थ इमरजेंसी को मेडिकल और फाइनेंशियल दोनों दृष्टि से समझना और पहले से तैयारी करना ज़रूरी है।
हेल्थ इमरजेंसी का ज़िंदगी और पैसे पर असर
Source: Lokmat Hindi